जुबान में कड़वाहट जरूर है मगर किरदार में मिलावट नहीं
हर कोई मीठा बोलता है, लेकिन ज़रूरी नहीं कि हर मीठा बोलने वाला सच्चा हो।हमारे शब्द थोड़े कड़वे हो सकते हैं, लेकिन वो दिल से निकलते हैं — बिना किसी दिखावे के।
हम झूठी तारीफों और बनावटी मुस्कानों में विश्वास नहीं रखते।हमारा किरदार साफ़ है, इरादे नेक हैं, और दिल में कोई छल नहीं।जो कह दिया, वही सोचते हैं — और जो सोचते हैं, वही करते हैं।
क्योंकि असलीपन दिखावे से नहीं, व्यवहार से झलकता है।
जुबान में कड़वाहट जरूर है,
मगर किरदार में मिलावट नहीं।।

There is definitely bitterness in the tongue,
But there is no adulteration in the character.




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